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Wednesday, September 23, 2026

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में यात्रियों को मिलेगा खास मेन्यू

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गुवाहाटी|असम की एक आतिथ्य सेवा कंपनी ने भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के लिए खान-पान का ठेका हासिल किया है। इसके साथ ही यह पूर्वोत्तर की पहली ऐसी आतिथ्य सेवा कंपनी बन गई है, जो रात भर की इस प्रीमियम सेवा में अपने विशेष व्यंजन पेश करेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के मालदा टाउन स्टेशन से हावड़ा और गुवाहाटी के बीच चलने वाली देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को शनिवार दोपहर हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

देश को पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की सौगात, PM मोदी ने दिखाई हरी झंडी, डिटेल

गुवाहाटी स्थित मेफेयर स्प्रिंग वैली रिसॉर्ट ने शनिवार को बताया कि उसने इस ट्रेन के आधिकारिक कैटरर के रूप में भारतीय रेलवे खान-पान एवं पर्यटन निगम (IRCTC) के साथ साझेदारी की है। एक बयान के अनुसार, इस व्यवस्था के तहत यात्रियों को पश्चिम बंगाल और असम के पारंपरिक व्यंजन परोसे जाएंगे, जिन्हें स्थानीय स्तर पर प्राप्त सामग्रियों से तैयार किया जाएगा। मेन्यू में बसंती पुलाव, छोलार और मूंग दाल, छनार (पनीर) और ढोकार दालना, असमिया जोहा चावल, मती मोहोर और मसूर दाल, मौसमी सब्जियों की भाजी और संदेश, नारियल बर्फी व रसगुल्ला जैसी क्षेत्रीय मिठाइयां शामिल हैं।

वंदे भारत स्लीपर में क्या खाने को मिलेगा

रिसॉर्ट ने बताया कि मेन्यू को रात भर की यात्रा के अनुसार तैयार किया गया है। इसमें कम मसालों वाले शाकाहारी भोजन, मौसमी उत्पादों और खाना पकाने के पारंपरिक तरीकों पर ध्यान केंद्रित किया गया है। मेफेयर स्प्रिंग वैली रिसॉर्ट के प्रबंध निदेशक रतन शर्मा ने कहा, ‘प्रत्येक व्यंजन को आज के दौर की खान-पान की पसंद को ध्यान में रखते हुए बंगाल और असम के असली स्वाद को दर्शाने के लिए खास तौर पर तैयार किया गया है।’रतन शर्मा ने कहा कि इसका उद्देश्य भोजन के माध्यम से यात्रियों को वहां की संस्कृति से जोड़ना और एक यादगार अनुभव प्रदान करना है। हावड़ा-कामाख्या वंदे भारत स्लीपर ट्रेन लगभग 1,000 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। इसमें प्रथम एसी, द्वितीय एसी और तृतीय एसी सहित कुल 16 पूर्ण वातानुकूलित कोच होंगे, जिनमें लगभग 823 यात्रियों के बैठने/सोने की क्षमता है।
 

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